(A) ISRO
(B) IAF
(C) DRDO
(D) HAL
Answer : DRDO3 फरवरी को DRDO ने सॉलिड फ्यूल डक्टेड रैमजेट टेक्नोलॉजी का सफल परीक्षण किया - SFDR टेक्नोलॉजी का परीक्षण ओड़िशा के चांदीपुर इंटीग्रेटेड टेस्ट रेंज से किया गया - सॉलिड फ्यूल डक्टेड रैमजेट टेक्नोलॉजी में 'नोजल-रहित बूस्टर' का इस्तेमाल होता है जो इसे शुरुआती रफ्तार देता है - इसके बाद इसका रैमजेट इंजन हवा में ही ऑक्सीजन का उपयोग करके इसे लंबी दूरी तक ले जाता है - SFDR तकनीक के साथ भारत उन एलीट देशों के ग्रुप में शामिल हो गया है, जो लंबी दूरी की हवा-से-हवा में वार करने की क्षमता रखते हैं - DRDO के चेयरमैन समीर वी. कामत हैं
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